Indian Railway New Rules 2026: 1 अप्रैल 2026 से भारतीय रेलवे में ट्रेन टिकट कैंसिलेशन के नियम बदल रहे हैं। इन बदलावों का सीधा असर कंफर्म टिकट रखने वाले यात्रियों पर पड़ेगा। रेल मंत्रालय ने टाउटिंग और सिस्टम के दुरुपयोग को रोकने के लिए रिफंड पॉलिसी को और सख्त बनाया है। नए नियम 1 अप्रैल से 15 अप्रैल 2026 के बीच चरणबद्ध तरीके से लागू होंगे।
मुख्य बदलाव यह है कि ट्रेन के रवाना होने से 8 घंटे के अंदर कंफर्म टिकट कैंसिल करने पर अब कोई रिफंड नहीं मिलेगा। पहले यह समय सीमा 4 घंटे थी।
कंफर्म टिकट कैंसिलेशन पर नए रिफंड नियम (1) अप्रैल 2026 से)
- 72 घंटे या उससे ज्यादा पहले कैसिलेशनः यात्री को अधिकतम रिफंड मिलेगा। केवल फ्लेट कैंसिलेशन चार्ज (न्यूनतम तय शुल्क) काटा जाएगा।
- 72 घंटे से 24 घंटे पहले केंसिलेशनः किराए का 25 प्रतिशत काटा जाएगा (न्यूनतम चार्ज के अधीन)।
- 24 घंटे से 8 घंटे पहले केंसिलेशनः किराए का 50 प्रतिशत काटा जाएगा (न्यूनतम चार्ज के अधीन)।
- 8 घंटे से कम समय पहले केंसिलेशनः कोई रिफंड नहीं।
पुराने नियमों से क्या फर्क पड़ा?
पुराने नियमों में 48 घंटे से ज्यादा पहले कैंसिलेशन पर फ्लेट चार्ज था। 48 से 12 घंटे के बीच 25% और 12 से 4 घंटे के बीच 50% कटोती होती थी। 4 घंटे के अंदर कोई रिफंड नहीं मिलता था। नए नियमों में फुल रिफंड की समय सीमा बढ़कर 72 घंटे हो गई है, लेकिन आखिरी 8 घंटे का विंडो पूरी तरह बंद कर दिया गया है। इससे यात्रियों को पहले कैंसिल करने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा।
PRS टिकट अब किसी भी स्टेशन से कैंसिल कर सकते हैं
एक बड़ा राहत भरा बदलाव PRS (काउंटर टिकट) के लिए आया है। अगर आपने किसी स्टेशन के काउंटर से टिकट खरीदी है तो अब उसे भारत के किसी भी रेलवे स्टेशन से कैंसिल करा सकते हैं। पहले यह केवल उसी स्टेशन से संभव था जहां से टिकट खरीदी गई थी।
यह सुविधा उन यात्रियों के लिए खासतौर पर उपयोगी है जो प्लान बदलने पर दूसरे शहर या स्टेशन से यात्रा रद्द करना चाहते हैं।
ई-टिकट के लिए TDR जमा करने की जरूरत खत्म
ई-टिकटधारकों के लिए एक और बड़ी सुविधा है। अब Ticket Deposit Receipt (TDR) मैन्युअली जमा करने की जरूरत नहीं रहेगी। रेलवे ने इस प्रक्रिया को पूरी तरह समाप्त कर दिया है।
क्यों किए गए ये बदलाव?
रेल मंत्रालय का कहना है कि ये नियम टिकटों की ब्लैक मार्केटिंग और आखिरी समय में अनावश्यक केंसिलेशन को रोकने के लिए हैं। इससे सीटों का बेहतर उपयोग होगा ओर genuine यात्रियों को बर्थ आसानी से मिल सकेगी।
अंतिम बात
1 अप्रैल 2026 से भारतीय रेलवे के टिकट कैंसिलेशन नियम सख्त हो रहे हैं। कंफर्म टिकट पर 8 घंटे के अंदर कोई रिफंड नहीं, जबकि पहले कैंसिलेशन पर बेहतर रिफंड मिलेगा। PRS टिकट किसी भी स्टेशन से कैंसिल करने और ई-टिकट पर TDR की जरूरत खत्म होने जैसी सुविधाएं भी यात्रियों को राहत देंगी।